February 21, 2024

Grameen News

True Voice Of Rural India

खेती-बाड़ी करते करते ऐसे बने निरहुआ यूपी, बिहार के सुपरस्टार

निरहुआ
Sharing is Caring!

देसी कलाकार में आज हम बात करने वाले हैं उनकी जिनके काम से उनको आज नाम मिला हैं। अगर आप बिहार या यूपी से हैं, तो आपने निरहुआ का नाम तो जरूर सुना होगा.. बिहार और यूपी का जानामाना नाम निरहुआ… या कहें कि दिनेश लाल यादव को आज कौन नहीं जानता… हां शायद दुनिया भर में नहीं, लेकिन हमारे देश के यूपी और बिहार में लोग निरहुआ के फैन हैं। उनके भोजपुरी गानों से लेकर उनकी एक्टिंग तक के पूरे बिहार में चर्चे होते हैं। लेकिन आज हम आपको बताएंगे कि कैसे एक किसान का बेटा खेती बाड़ी करते करते जा पहुंचा उस मुकाम तक जहां के बारे में उसने कभी कल्पना भी नहीं की थी।

निरहुआ यानी दिनेश लाल यादव की इस कहानी की शुरूआत तब हुई जब पहली बार उन्होंने अपने चचेरे भाई से कहा कि वो भी गायक बनना चाहते हैं। कोलकाता से पढ़-लिखकर वापस अपने गांव आए निरहुआ ने कई नौकरियां तलाश की.. लेकिन अंत में जब किसी काम में मन न लगा, तो दिनेश ने ठान लिया कि वो भी अपने पिता की तरह स्टेज शोज कर पैसे कमाएंगे। हां.. उस वक्त उन्हें शायद ये नहीं पता था, कि स्टेज शो करते-करते वो एक दिन मामूली दिनेश लाल यादव से भोजपुरी स्टार निरहुआ बन जायेंगे।

पैसे कमाने के लिए दिनेश ने पूरी-पूरी रात जागकर भी स्टेज शोज पर गाना गाया हैं। लेकिन कई बार जब सुबह हुई तो बिना पैसों के साथ निरहुआ को पैदल ही घर वापस लौटना पड़ा। दिनेश के साथ उस दौरान ऐसा एक दो बार नहीं, बल्कि कई बार हुआ। जब बिना पैसों के घर से निकले निरहुआ को पूरी रात जागकर गाने के बावजूद भी सुबह कोई पैसा नहीं मिलता था। और तब कोसों दूर अपने घर भी उन्हें पैदल ही वापस आना पड़ता था।

इतने संघर्ष के बाद एक वक्त ऐसा भी आया जब, दिनेश ने गायिकी छोड़ने का मन बना लिया… और सीधे अपने बाउ जी से पास जाकर उनको बताया कि, बस अब मैं और ऐसे काम नहीं कर सकता.. पूरी रात गाकर भी सुबह पैसे नहीं मिलते मेरी इतनी मेहनत का मुझे कोई फल नहीं मिल रहा.. लेकिन तब निरहुआ को समझाकर इस मुकाम तक पहुंचाने वाले उनके पिता ही थे… निरहुआ के पिता ने उन्हें समझाया और कहा कि, अपनी मेहनत का फल हर किसी को मिलता हैं कुछ को वक्त पर, तो कुछ को देर से… लेकिन मिलता जरूर हैं। और एक वक्त ऐसा भी आएगा, जब वो लोग जो आज तुमको नजरअंदाज कर रहे हैं तुम्हारा साथ छोड़ रहे हैं.. वहीं लोग तुमसे मिलने को तरसेंगे लेकिन मिल नहीं पायेंगे। और बस अपने बाउ जी की यही बात मानकर निरहुआ ने फैसला किया.. कि वो मेहनत करेंगे लेकिन मेहनत से कभी हार नहीं मानेंगे।

लेकिन साल 2001 में जब दिनेश के बाउ जी का देहांत हुआ… तब मानों घर का सारा बोझ दिनेश के सिर पर आ गिरा हो। सिर्फ 20 साल के दिनेश ने घर का बड़ा बेटा होने के नाते अपनी सभी जिम्मेदारियों को बखूबी निभाया। लेकिन अपने सिंगिग करीयर को कभी नहीं छोड़ा। इसके बाद जब उनकी पहली एलबम रिलीज हुई जिसका नाम था बुढ़वा में दम बा… तब दिनेश की इस एलबम से दिनेश को बिहार में एक पहचान मिलने लगी थी। हालांकि, दिनेश को उनकी असली पहचान और नाम 22 मार्च 2003 को रीलिज हुई निरहुआ सटल है से मिली….

दरअसल इस एलबम को निरहुआ ने जिस कंपनी के लिए बनाया था.. उसने बाद में इसको रिलीज करने से साफ इंकार कर दिया। उस वक्त तो मानों दिनेश को लगा कि उनकी मेहनत के साथ-साथ उनकी एलबम में लगाई कमाई भी डूब गई…. मगर निरहुआ ने हार नहीं मानी… वो अपनी एलबम लेकर सीध टी-सीरिज के ऑफिस जा पहुंचे.. मगर वहां भी उन्हें निराशा ही हाथ लगीं… टी-सीरिज ने निरहुआ की एलबम तो ले ली, मगर उनकों पैसे देने के लिए कैसेट बिकने का इंतजार करने को कहा… इसी इंतजार में निरहुआ के 4 महीने बीत गए…..

दिनेश लाल यादव बरसात के मौसम में अपनी खेती-बाड़ी में लगकर एलबम के बारे में बिल्कुल भूल चुके थे.. लेकिन जब खेती का सीजन खत्म हुआ.. तब बिहार के मोहनिया इलाके में दिनेश एक प्रोग्राम करने पहुंचे… वहां उन्होंने देखा कि, अताह भीड़ उनके रास्ते में खड़ी हुई हैं… वक्त पर प्रोग्राम में न पहुंच पाने की वजह से दिनेश पहले ही घबराए हुए थे.. लेकिन जब उन्हें पता चला कि, इतनी लंबी तादाद में जमा हुई भीड़ उनको सुनने पहुंची हैं…. तो उनके होश उड़ गए… रातों-रात दिनेश लाल यादव बिहार और यूपी के स्टार बन चुके थे। लोग उनके निरहुआ गाने के फैन हो चुके थे।

जी हां, निरहुआ वही गाना था जिसकी एलबम लेकर दिनेश करीब 4 महीने पहले टी-सीरिज के ऑफिस पहुंचे थे। वो एलबम भी रिलीज हो चुकी थी.. और लोगों के बीच मशहूर भी।

और बस तभी से उत्तर प्रदेश के गाजीपुर के रहने वाले दिनेश लाल यादव का नाम निरहुआ पड़ गया। हालांकि, आज के वक्त में निरहुआ भोजपुरी दुनिया के सबसे बेहतरीन कलाकारों में जाने जाते हैं। मगर एक वक्त वो भी था। जब उनको चंद रूपयों के खातिर पूरी रात शादियों में गाना पड़ता था।  कहना गलत नहीं होगा, कि हर उभरते सितारे की पीछे एक कहानी तो जरूर छुपी होती हैं, और ये कहानी थी भोजपुरी के मशहूर कलाकार निरहुआ की।

 

Grameen News के खबरों को Video रूप मे देखने के लिए ग्रामीण न्यूज़ के YouTube Channel को Subscribe करना ना भूले  ::

https://www.youtube.com/channel/UCPoP0VzRh0g50ZqDMGqv7OQ

Kisan और खेती से जुड़ी हर खबर देखने के लिए Green TV India को Subscribe करना ना भूले ::

https://www.youtube.com/user/Greentvindia1

Green TV India की Website Visit करें :: http://www.greentvindia.com/

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Copyright © Rural News Network Pvt Ltd | Newsphere by AF themes.