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Kisan bulletin 9th August 2019- शुरू हुआ किसान पेंशन योजना का रजिस्ट्रेशन

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Kisan bulletin 9th August 2019

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Kisan bulletin 9th August 2019-

  1. अभी तक सरकार किसानों की फसलों का बीमा कराने पर जोर दे रही थी, लेकिन अब किसान अपनी फसलों के साथ-साथ पशुओ का बीमा भी करा सकेंगे। दरअसल, आपको बता दें कि, बिहार के कृषि मंत्री ने हाल ही में बिहार के पशुपालकों के लिए एक राहत भरी खबर दी है। जल्दी ही बिहार सरकार पशु बीमा योजना की शुरूआत करने जा रही है। कृषि मंत्री ने कहा कि, किसानों को अपने पशुओं की मौत से काफी भारी नुकसान झेलना पड़ता है जिसके चलते प्रदेश में अब इस योजना के तहत पहले चरण में 29 हजार से ज्यादा पशुओं का बीमा कराया जाएगा। इतना ही नहीं, कृषि मंत्री ने कहा कि, बिहार सरकार हमेशा से ही पशुओं के स्वास्थय को लेकर काफी सक्रिय रही है। इसी के चलते सरकार पशुओं के लिए वैक्सीन की व्यवस्था कर रही है। बाढ़ के दौरान भी पशुओं के लिए चारा और इलाज की व्यवस्था की गई थी। जाहिर है हाल ही में बिहार को कृषि क्षेत्र में सर्वश्रेष्ठ राज्य के पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। और अब उसी पद पर बने रहने के लिए बिहार सरकार किसानों और पशुपालकों के लिए नए-नए कदम उठा रही है।
  2. देश के किसानों को 60 साल की उम्र के बाद आराम से जिंदगी गुजारने के लिए किसान पेंशन योजना आज यानि की शुक्रवार से शुरू हो चुकी है। आपको बता दें कि, इस योजना का आगाज केंद्रीय कृषि एंव किसान कल्याण मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने दिल्ली से किया है। जानकारी के अनुसार, इस योजना के तहत किसान को 60 साल की उम्र के बाद तीन हजार रुपये हर महीने पेंशन के तौर पर मिलेंगे। और किसान की मौत होने पर उसकी पत्नी को पचास फीसदी रकम का भुगतान मिलता रहेगा। इसके लिए एलआईसी को जिम्मेदारी दी गई है। इसमें 29 साल तक के किसान को 100 रुपये मासिक के हिसाब से देना होगा इतना ही केंद्र सरकार देगी। इसमें साठ साल के बाद उसे एक मुश्त तीन हजार प्रतिमाह मिलेगा। सरकार इस योजना पर करीब दस हजार करोड़ रुपये खर्च करेगी। 18 से 40 साल तक के किसान इसके लिए आवेदन कर सकेंगे। योजना पूरी तरह से स्वैच्छिक होगी। इसके लिए किसान को खेती की पूरी जानकारी देने के लिए खसरा/खतौनी के अलावा आधार कार्ड , जनधन खाते की डिटेल और मोबाइल नंबर देना होगा जो कि आधार और बैंक खाते में जुड़ा हो। आपको बता दें कि, मोदी सरकार ने दूसरे कार्यकाल के आगज के साथ ही इस योजना की घोषणा की थी। सरकार की योजना पहले तीन साल में 5 करोड़ किसानों तक इस योजना का लाभ पहुंचाने की है। देश में लगभग 14 करोड़ किसान हैं। सरकार ने किसानों के 2022 तक दोगुनी आय  का भरोसा दिया है।
  3. इस साल बिहार के करीब 13 जिलों में बाढ़ के चलते काफी नुकसान हुआ है, इतना ही नहीं, भयानक बाढ़ के कारण बड़ै पैमाने पर किसानों की फसलें बर्बाद हुई है। जिसकी वजह से किसानों के माथे पर परेशानी की लकीरें साफ दिखाई दे रही हैं। आपको बता दें कि, सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, कुल मिलाकर 2 लाख 61 हजार हेक्टेयर जमीन पर लगी किसानों की फसलें बर्बाद हो गई हैं। ऐसे में किसानों की मदद के लिए सरकार ने अनुजान की तैयारी पूरी कर ली है। बिहार के कृषि मंत्री प्रेम कुमार ने कहा कि, बाढ़ प्रभावित हर एक किसान को मदद मिले इसके लिए विभाग बाकायदा उसका आकलन किया है। राज्य में बाढ़ से पीड़ित हर एक किसानों को मुआवजा दिया जाएगा। इसी के साथ कृषि मंत्री प्रेम कुमार ने कहा कि, सरकार नुकसान का आकलन करा चुकी है। अब तक 2 लाख 61 हजार हेक्टेयर भूमि की फसल बर्बाद हुई है। जिसका मुआवजा किसानों को दिया जाएगा। इसके अनुसार, कुल करीब 352 करोड़ रूपये की राशि किसानों को हर्जाने के तौर पर दी जानी है। हालांकि, जल्द ही किसानों को मुआवजे की राशि दिए जाने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। आपको बता दें कि, बाढ़ प्रभावित इन किसानों को डीबीटी के माध्यम से उनके खातों में ये रकम भेजी जाएगी।
  4. मध्य प्रदेश के रतलाम जिले के माणकचौक स्थित तीन कृषि फर्मों पर कृषि विभाग के अधिकारियों ने छापा मारा, जिसके चलते जांच के दौरान 100-100 ग्राम के करीब 64 कीटनाशकों के पैकेट अधिकारियों को एक्सपायरी डेट के मिले। हालांकि, कृषि अधिकारियों ने सैंपल जब्त कर फर्म के खिलाफ कार्यवाई शुरू कर दी है।
  5. उत्तर प्रदेश के अंबेडकरनगर में साधन सहकारी समितियों से खाद न मिल पाने से किसानों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। ऐसा कर्मचारियों की मनमानी की वजह से हो रहा है। किसानों की मानें तो समिति कर्मचारियों के समय से न आने के चलते खाद नहीं मिल पाती है। मजबूरन दुकानों से अधिक पैसा देकर खाद की खरीदनी पड़ती है।
  6. राजस्थान के झुंझुनूं जिले के उदयपुरवाटी थाना क्षेत्र में गुरूवार को एक किसान ने फांसी लगाकर कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने बताया कि किसान पर काफी कर्ज था जिसके चलते बजरंग लाल जाट ने खीचड़ों की ढाणी के एक खेत में एक पेड़ से फांसी लगाकर कथित तौर पर आत्महत्या कर ली।

 

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