History of 18th April- 1857 में तात्यां तोपे को 1859 में फांसी दी गई

History of 18th April

History of 18th April-

आज ही के दिन साल 1857 में भारतीय स्वाधीनता संग्राम के नेता तात्यां तोपे को 1859 में फांसी दी गई थी. आपको बता दें कि, तात्या का जन्म महाराष्ट्र में नासिक जिले के निकट येवला नामक गाँव में एक ब्राह्मण परिवार में हुआ था. तात्या का असली नाम रामचंद्र पाण्डुरंग राव था, लेकिन लोग उन्हें तात्या के नाम से पुकारते थे. स्वाधीनता संग्राम के दौरान अंग्रेजों की परेशानियों में से एक तात्या को अंग्रेजों ने साल 1859 में आज ही के दिन फांसी दे दी थी.

आज ही के दिन साल 1917 में महात्मा गांधी ने सत्याग्रह आंदोलन के लिए बिहार के चंपारण का चयन किया था. जिसके चलते इस आंदोलन को चंपारण आंदोलन के नाम से भी जाना जाता है. आपको बता दें कि, जिस समय हजारों भूमिहीन मजदूर और किसान गेहूं चावल की खेती के बजाय नील की खेती करने के लिए विवश किये जा रहे थे ऐसे में महात्मा गांधी ने 1917 में रामचंद्र शुक्ला के बुलावे पर बिहार के चंपारण में जाकर वहां के हालात को समझते हुए इस आंदोलन की शुरुवात की थी.

आज ही के दिन साल 1930 में सूर्य सेन उर्फ मास्टर दा और इंडियन रिपब्लिकन आर्मी के 62 लोगों ने मिलकर कलकत्ता के चटगांव शस्त्रागार पर हमला बोला था. आपको बता दें कि, इस हमले की मुख्य वजह अंग्रेजों से उनके दो मुख्य शस्त्रागार लूटना, टेलीग्राफ और टेलीफोन कार्यालय को नष्ट करने के साथ-साथ अंग्रेजों के सैन्य अधिकारियों को बंधक बनाना था. इसके अलावा यहां की जेलों में बंद भारतीय आजादी के लिए लड़ रहे क्रांतिकारियों को आजाद करना भी था.

आज ही के दिन साल 1858 में भारत के सबसे बड़े समाज सुधारकों में से एक धोंडो केशव कर्वे का जन्म हुआ था. आपको बता दें कि, धोंडो ने महिला शिक्षा और विधवा विवाह में महत्वपूर्ण योगदान दिया था. उन्होंने अपना पूरा जीवन महिलाओं के उत्थान में लगा दिया था. उन्हीं के चलते मुंबई में भारत का पहला महिला विश्वविघालय एस एन डी टी मुंबई में स्थापित किया गया था. इन्हीं प्रयासों के चलते भारत सरकार ने उन्हें साल 1958 में भारत रत्न से सम्मानित किया था.

आज ही के दिन साल 1955 में दुनिया के प्रसिद्ध वैज्ञानिक अलबर्ट आइंस्टाइन का निधन हुआ था, आपको बता दें कि, आइंस्टाइन दुनिया के उन महान वैज्ञानिकों में से एक थे जिन्होंने Theoretical physicist  में दुनिया को नया मुकाम दिया था. आंइस्टाइन ने ही द्रव्यमान-ऊर्जा समीकरण E=mc2  का फार्मूला दिया था, इसके अलावा उन्हें Light emitting electricity की खोज के लिए साल 1921 में नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया था.

आज ही के दिन साल 1994 में वेस्टइंडीज के जाने माने क्रिकेटर ब्रायन लारा ने टेस्ट मैच की एक पारी में 375 रन बनाकर सबसे बड़ी पारी खेलने का विश्व रिकॉर्ड अपने नाम किया था. जिसके बाद उन्होंने साल 2004 में 400 रन की पारी खेली थी.  आपको बता दें की ब्रायन लारा के नाम टेस्ट मैच में कुल 11 हजार 174 रन दर्ज हैं.

 

Grameen News के खबरों को Video रूप मे देखने के लिए ग्रामीण न्यूज़ के YouTube Channel को Subscribe करना ना भूले  ::

https://www.youtube.com/channel/UCPoP0VzRh0g50ZqDMGqv7OQ

Kisan और खेती से जुड़ी हर खबर देखने के लिए Green TV India को Subscribe करना ना भूले ::

https://www.youtube.com/user/Greentvindia1

Green TV India की Website Visit करें :: http://www.greentvindia.com/

0 Comments

Leave a Comment

Login

Welcome! Login in to your account

Remember me Lost your password?

Lost Password